
लखनऊ से कानपुर जाने वाले लोगों के लिए सफर अब समय के हिसाब से तेज होगा, लेकिन जेब पर भारी पड़ेगा। 63 किलोमीटर लंबे नए एक्सप्रेसवे पर प्रस्तावित टोल दरें सामने आने के बाद आम जनता में गुस्सा है।
प्रस्ताव के अनुसार, कार, जीप या वैन जैसी हल्की गाड़ियों के लिए एक तरफ का टोल ₹275 रखा गया है। अगर कोई यात्री 24 घंटे के अंदर वापस लौटता है तो उसे ₹415 चुकाने होंगे। मात्र 63 किमी की दूरी के लिए यह राशि बहुत ज्यादा बताई जा रही है।
₹4,700 करोड़ की लागत से बन रहे इस 6 लेन एक्सप्रेसवे पर प्रति किलोमीटर खर्च करीब ₹4.36 लाख आ रहा है, जो कई दूसरे एक्सप्रेसवे से भी महंगा है।
नियमित यात्रा करने वालों के लिए राहत के रूप में सालाना पास की सुविधा दी गई है। इसकी कीमत ₹3,075 है, जिसमें एक साल में 200 ट्रिप की छूट मिलेगी। इससे एक तरफ का औसत खर्च मात्र ₹15 रह जाएगा। लेकिन जो लोग रोजाना नहीं आते-जाते, उनके लिए एक बार का टोल काफी महंगा साबित होगा।
भारी वाहनों पर और ज्यादा बोझ
बस और ट्रक के लिए एक तरफ का टोल ₹935 तथा 24 घंटे में वापसी पर ₹1,405 तय किया गया है। भारी एक्सेल वाले वाहनों के लिए यह राशि और भी ज्यादा है।
लोगों का कहना है कि इतनी छोटी दूरी के लिए इतना महंगा टोल आम आदमी की आर्थिक स्थिति को देखते हुए उचित नहीं है। उन्होंने सरकार से इन दरों पर फिर से विचार करने की मांग की है।


