
समाजवादी पार्टी के अध्यक्ष अखिलेश यादव ने शनिवार को स्वतंत्रता दिवस पर पार्टी के प्रदेश मुख्यालय में ध्वजारोहण किया। इसके बाद कार्यकर्ताओं को संबोधित करते हुए उन्होंने 2027 के विधानसभा चुनाव को लेकर बड़ा संदेश दिया। उन्होंने कहा कि चुनाव अब शुरू हो चुका है, सिर्फ टिकट तय होना बाकी है और समय बहुत कम बचा है, इसलिए सभी को अपनी तैयारी पूरी रखनी होगी।
बयान देने से पहले सोचना होगा
अखिलेश ने नेताओं और कार्यकर्ताओं को सख्त हिदायत दी कि अब ऐसा कोई भी बयान न दें, जिसका सीधा फायदा भाजपा को मिले। उन्होंने कहा कि पार्टी की तरफ से छोटे-बड़े सभी नेताओं को एक कॉपी दी जाएगी, जिसमें तय होगा कि क्या बोलना है और क्या नहीं। उस स्क्रिप्ट से हटकर कुछ नहीं बोलना है। साथ ही उन्होंने एक-दूसरे के सम्मान की अपील की।
जेन-जी की तारीफ
अखिलेश यादव ने युवाओं के हालिया आंदोलनों की सराहना करते हुए कहा कि जो काम बड़े-बड़े लोग नहीं कर पाए, वह नई पीढ़ी ने कर दिखाया। भाजपा की जो सरकार कभी नहीं झुकती थी, उसे भी जेन-जी ने झुका दिया। सपा के नौजवान भी उसी संघर्ष का हिस्सा रहे हैं। इस दौरान उन्होंने मेधावी छात्रों को लैपटॉप भी वितरित किए।
भाजपा और आरएसएस पर हमला
स्वतंत्रता दिवस के मौके पर अखिलेश ने भाजपा और आरएसएस पर तीखा हमला बोलते हुए कहा कि भाजपा और आजादी एक-दूसरे के विलोम हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि ये लोग स्वतंत्रता दिवस मनाने की बजाय विभाजन विभीषिका दिवस मना रहे थे। जिन्होंने कभी तिरंगे का सम्मान नहीं किया, वे आज तिरंगा लेकर घूम रहे हैं। ऐसे लोगों से सावधान रहने की जरूरत है।
संविधान की मजबूती पर जोर
अखिलेश ने कहा कि संविधान की मजबूती से ही लोकतंत्र और स्वतंत्रता सुरक्षित हैं। अगर संविधान को ठेस पहुंची तो लोकतंत्र कमजोर होगा। पार्टी संविधान को मजबूत करने के लिए हर त्याग करने को तैयार है। उन्होंने सरकार के विकास दावों पर सवाल उठाते हुए कहा कि प्रति व्यक्ति आय बढ़ने की बातें हो रही हैं, लेकिन जमीनी हकीकत अलग है। सबसे ज्यादा चिंता किसानों की है।



