
उत्तराखंड के उत्तरकाशी जिले में रिश्तों को शर्मसार करने वाली एक खौफनाक वारदात सामने आई है। मोरी प्रखंड के अंतर्गत आने वाली फतेपर्वत पट्टी के बरी गांव में सोमवार सुबह एक मामूली पारिवारिक विवाद ने इतना भयंकर रूप ले लिया कि एक भतीजे ने अपने ही सगे चाचा को मौत के घाट उतार दिया। इस जघन्य हत्याकांड के बाद से शांत माने जाने वाले इस पहाड़ी इलाके में दहशत और सनसनी का माहौल है, और ग्रामीण इस घटना से गहरे सदमे में हैं।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, बरी गांव के निवासी करम चंद, जिन्हें गांव में गांधी के नाम से भी जाना जाता था, का सोमवार की सुबह अपने भतीजे सुमन चंद्र उर्फ सुबेन के साथ किसी बात को लेकर विवाद हो गया था। शुरुआत में यह महज एक साधारण कहासुनी थी, लेकिन देखते ही देखते बहस ने उग्र रूप धारण कर लिया। गुस्से में आगबबूला हुए भतीजे सुमन ने अपना आपा खो दिया और घर में रखी कुल्हाड़ी उठाकर अपने चाचा पर ताबड़तोड़ जानलेवा हमला कर दिया।
कुल्हाड़ी के इस भीषण प्रहार से करम चंद की गर्दन और हाथों पर बेहद गंभीर और गहरे घाव हो गए, जिसके परिणामस्वरूप अत्यधिक खून बहने से उन्होंने घटनास्थल पर ही तड़प-तड़प कर दम तोड़ दिया। अपने चाचा की हत्या करने के तुरंत बाद आरोपी भतीजा मौके का फायदा उठाकर वहां से जंगलों की ओर फरार हो गया।
इस खून-खराबे की सूचना जैसे ही गांव वालों के माध्यम से पुलिस को मिली, स्थानीय प्रशासन में हड़कंप मच गया। सूचना पाकर मोरी थाने के थानाध्यक्ष दीपक रावत अपनी पूरी पुलिस टीम के साथ तत्काल घटनास्थल पर पहुंचे और वारदात की जगह का मुआयना किया। पुलिस ने शव को अपने कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम और पंचनामा की आवश्यक कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी है।
इस पूरे मामले को लेकर पुलिस उपाधीक्षक (सीओ) चंचल शर्मा ने स्पष्ट किया है कि पुलिस द्वारा मामले की गहनता से जांच की जा रही है और फरार आरोपी की गिरफ्तारी के लिए संभावित ठिकानों पर दबिश दी जा रही है। पुलिस की टीमें सरगर्मी से सुमन की तलाश में जुटी हुई हैं ताकि उसे जल्द से जल्द गिरफ्तार कर सलाखों के पीछे भेजा जा सके और हत्या के पीछे की असल वजह का पर्दाफाश हो सके।




