
देहरादून: उत्तराखंड में पहाड़ से मैदान तक मौसम का मिजाज बदल गया है। मौसम विभाग ने सोमवार को प्रदेश के अधिकांश हिस्सों में हल्की से मध्यम बारिश के साथ कई जिलों में भारी वर्षा की संभावना जताई है।
विभाग के अनुसार, सोमवार को देहरादून, रुद्रप्रयाग, चमोली, नैनीताल, चंपावत, पिथौरागढ़ और बागेश्वर जिलों के लिए येलो अलर्ट जारी किया गया है। इन जिलों में कहीं-कहीं भारी बारिश, गर्जन के साथ बौछारें पड़ने की संभावना है। पर्वतीय क्षेत्रों में आकाशीय बिजली चमकने और तेज बारिश की आशंका भी व्यक्त की गई है।
हरिद्वार और ऊधम सिंह नगर जिलों में भी गर्जन व बिजली चमकने को लेकर चेतावनी जारी की गई है।
पिछले दिनों का हाल
पिछले दो दिनों से भारी बारिश का सिलसिला थमा हुआ है। रविवार को प्रदेश के ज्यादातर इलाकों में आंशिक बादल छाए रहे। पर्वतीय क्षेत्रों में कहीं-कहीं तेज बारिश हुई, जबकि राजधानी देहरादून में धूप-बादल की आंख-मिचौली देखने को मिली। हाथीबड़कला क्षेत्र में तेज बौछारें पड़ीं।
कैलास मानसरोवर यात्रा मार्ग खुला
लगातार बारिश और भूस्खलन के कारण बंद पड़े तवाघाट-लिपुलेख (कैलास मानसरोवर यात्रा) मार्ग को करीब 40 घंटे बाद रविवार दोपहर यातायात के लिए बहाल कर दिया गया। मलघाट क्षेत्र में पत्थर व बोल्डर गिरने से शुक्रवार रात से हाईवे बंद था, जिससे दोनों तरफ वाहनों की लंबी कतार लग गई थी।
बारिश थमने के बाद सीमा सड़क संगठन (BRO) की टीमों ने मशीनरी से मलबा हटाकर मार्ग को खोल दिया। इसके अलावा धारचूला-तवाघाट और मुनस्यारी-मिलम मार्ग पर भी भूस्खलन के कारण अस्थायी रूप से यातायात बाधित हुआ था, जिसे बाद में बहाल कर दिया गया।



