
कोलकाता: पश्चिम बंगाल की सियासत में इस वक्त सबसे ज्यादा चर्चा अधिकारी परिवार की हो रही है। पूर्व मेदिनीपुर जिले की तमलुक, कांथी उत्तर और कांथी दक्षिण सीटें इस बार सिर्फ चुनावी लड़ाई नहीं, बल्कि प्रतिष्ठा और दबदबे की जंग बन गई हैं।
एक समय All India Trinamool Congress (TMC) का मजबूत स्तंभ माना जाने वाला यह परिवार अब पूरी तरह BJP के साथ खड़ा है। परिवार की अगुवाई कर रहे सुवेंदु अधिकारी वर्तमान में बंगाल विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष हैं। उनके भाई दिब्येंदु और सौमेंदु अधिकारी भी सक्रिय राजनीति में हैं।
अधिकारी परिवार का सफर:
- 2007 के नंदीग्राम आंदोलन में भूमिका के बाद परिवार की जड़ें मजबूत हुईं।
- सुवेंदु अधिकारी ने किसानों के आंदोलन से TMC को सत्ता दिलाने में अहम योगदान दिया था।
- बाद में सुवेंदु के TMC छोड़कर BJP जॉइन करने से पूरा समीकरण बदल गया।
अब इन तीनों सीटों पर अधिकारी परिवार का पारंपरिक दबदबा है, जिन्हें पहले TMC का गढ़ माना जाता था। 2021 में यहां मुकाबला बेहद करीबी रहा था। इस बार BJP इन सीटों को अपने प्रभाव का प्रदर्शन करने के लिए इस्तेमाल करना चाहती है, जबकि TMC इन्हें वापस हासिल करने की पूरी कोशिश में जुटी है।
विधानसभा चुनाव के नतीजे तय करेंगे कि अधिकारी परिवार का जादू अभी भी बरकरार है या ममता बनर्जी की TMC इस गढ़ को भेदने में सफल होगी।



