
उत्तर प्रदेश के झांसी जिले से एक सनसनीखेज मामला सामने आया है। मऊरानीपुर बस स्टैंड पर अमृतसर से आए एक सराफा व्यापारी का जेवर और नकदी से भरा बैग संदिग्ध परिस्थितियों में गायब हो गया। पीड़ित व्यापारी गुरकीरत सिंह का दावा है कि उनके बैग में कुल पांच करोड़ रुपये से अधिक की कीमत का सामान था। इस बड़ी घटना की जानकारी मिलते ही पूरे इलाके में हड़कंप मच गया और स्थानीय पुलिस तुरंत एक्शन में आ गई।
अमृतसर (पंजाब) के जीटी रोड स्थित बी ब्लॉक कॉलोनी के रहने वाले व्यापारी गुरकीरत सिंह (पुत्र हरप्रीत सिंह) ने मऊरानीपुर कोतवाली पुलिस को दी गई अपनी तहरीर में बताया कि वे ऑर्डर पर सोने के आभूषण तैयार करवाने और उन्हें देश के विभिन्न राज्यों के बड़े शोरूम में बेचने का कारोबार करते हैं। वे यह काम पिछले चार वर्षों से कर रहे हैं। उनके साथ इस काम में अमृतसर का ही रहने वाला रामेश्वर बतौर हेल्पर काम करता है।
घटनाक्रम की जानकारी देते हुए व्यापारी ने बताया कि 21 अक्टूबर को वे दोनों व्यापार के सिलसिले में अमृतसर से निकले थे। दिल्ली, मध्य प्रदेश के सतना, पन्ना, बांदा होते हुए वे छतरपुर पहुंचे थे। बुधवार, 28 अक्टूबर को छतरपुर में जेवर बेचने के बाद दोनों अपराह्न करीब 3:50 बजे बस से झांसी के लिए रवाना हुए थे। शाम करीब 5:50 बजे उनकी बस मऊरानीपुर बस स्टैंड पहुंची। व्यापारी का आरोप है कि जब बस झांसी के लिए आगे बढ़ने लगी, तभी भीड़-भाड़ का फायदा उठाकर किसी अज्ञात व्यक्ति ने उनकी सीट के ऊपर बनी जाली (लगेज रैक) पर रखा उनका बैग पार कर दिया।
गुरकीरत सिंह के दावे के मुताबिक, चोरी हुए उस बैग में 3 किलो 400 ग्राम सोने के जेवर, 200 ग्राम पक्का (खरा) सोना और 15 लाख रुपये नकद रखे हुए थे। इन सभी की कुल अनुमानित बाजार कीमत लगभग 5 करोड़ रुपये बताई जा रही है। बस में बैग गायब होने का अहसास होते ही व्यापारी ने शोर मचाया, जिसके बाद बस रोककर गहन तलाशी ली गई, लेकिन बैग का कहीं कोई सुराग नहीं मिला।
घटना की गंभीरता को देखते हुए मऊरानीपुर कोतवाली प्रभारी मुकेश सोलंकी तत्काल भारी पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे और पीड़ित व्यापारी से पूरी घटना की विस्तृत जानकारी ली। पुलिस क्षेत्राधिकारी रत्नेश्वर सिंह ने बताया कि घटना के खुलासे के लिए पुलिस की विशेष टीमें गठित कर दी गई हैं। वर्तमान में पुलिस बस स्टैंड और उसके आसपास लगे सभी सीसीटीवी कैमरों की फुटेज को बारीकी से खंगाल रही है ताकि बैग ले जाने वाले संदिग्ध व्यक्ति की पहचान की जा सके।
इस बीच, घटना की सूचना पाकर स्थानीय सराफा व्यापार एसोसिएशन के अध्यक्ष राजेश बिलाटिया, अनिल सोनी और जगदीश अग्रवाल भी मौके पर पहुंचे और पीड़ित व्यापारी से मुलाकात की। एसोसिएशन ने पुलिस प्रशासन से इस गंभीर मामले का जल्द से जल्द पर्दाफाश करने और गायब सामान की सकुशल बरामदगी की जोरदार मांग की है। फिलहाल, पुलिस मामले की तहकीकात में जुटी हुई है। हालांकि, चोरी गए सामान और नकदी की वास्तविक कीमत की अभी तक कोई स्वतंत्र आधिकारिक पुष्टि नहीं हो सकी है।



