उत्तराखंड

उत्तराखंड में मदरसा बोर्ड समाप्त: नई शिक्षा व्यवस्था पर मिक्स्ड रिएक्शन

उत्तराखंड सरकार द्वारा मदरसा बोर्ड को समाप्त कर नई अल्पसंख्यक शिक्षा व्यवस्था लागू करने के फैसले पर राज्य में अलग-अलग प्रतिक्रियाएं सामने आ रही हैं।

समर्थन में राय
कई लोगों ने इस फैसले को स्वागत योग्य बताया। खटीमा के स्थानीय निवासी कामिल खान ने कहा कि इससे अल्पसंख्यक समुदाय के छात्रों को धार्मिक शिक्षा के साथ आधुनिक शिक्षा (NCERT पाठ्यक्रम) भी मिलेगी और वे डॉक्टर, इंजीनियर, IAS जैसे क्षेत्रों में आगे बढ़ पाएंगे।

शाकिर रहमान ने भी फैसले का स्वागत करते हुए कहा कि इससे अल्पसंख्यक बच्चों का शैक्षणिक स्तर बेहतर होगा।

चिंता जताने वाले
कुछ लोगों का कहना है कि बदलाव के दौरान अल्पसंख्यक समुदाय की भावनाओं और सुझावों का ध्यान रखा जाना चाहिए, ताकि सुधार का लाभ सभी वर्गों तक पहुंचे।

सरकार का पक्ष
सरकार का कहना है कि नई व्यवस्था शिक्षा को और पारदर्शी और समान अवसर वाली बनाएगी।

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