
इंग्लैंड के खिलाफ पांचवें और अंतिम T20 मैच में भारत को 56 रनों से करारी हार मिली। यह हार किसी के लिए आश्चर्य की बात नहीं थी क्योंकि टीम पहले ही सीरीज हार चुकी थी, लेकिन हार के अंदाज ने निराश किया।
भारत ने टॉस जीतकर गेंदबाजी चुनी, लेकिन फील्डिंग बेहद खराब रही। इंग्लैंड के कप्तान हैरी ब्रूक को दो बार और जोस बटलर को एक बार जीवनदान मिला। बटलर ने 131 रनों की शानदार पारी खेली, जबकि ब्रूक 95 रन पर नाबाद रहे। इंग्लैंड ने 257/3 का विशाल स्कोर बनाया, जो भारत के खिलाफ T20I में किसी भी टीम द्वारा बनाया गया सबसे बड़ा स्कोर है।
कप्तान श्रेयस अय्यर की कप्तानी पर भी सवाल उठे। 17वें और 18वें ओवर के बाद उन्होंने अनुभवहीन प्रिंस यादव की जगह शिवम दुबे को गेंदबाजी सौंपी, जिन्होंने वह ओवर 22 रन लुटाए।
इस हार के साथ भारत की इंग्लैंड और आयरलैंड की पूरी यूके यात्रा शर्मनाक रही। टीम को अब कई सवालों पर गंभीरता से विचार करना होगा — युवा खिलाड़ियों को मौका, संजू सैमसन की भूमिका, और जसप्रीत बुमराह-हार्दिक पांड्या की अनुपस्थिति जैसे मुद्दों पर।


