
नोएडा में चलती बस में 16 वर्षीय लड़की के साथ कथित सामूहिक बलात्कार के मामले में पुलिस ने महत्वपूर्ण फोरेंसिक सबूत बरामद किए हैं। बस पर मिले उंगलियों के निशान कथित तौर पर पीड़िता और दोनों आरोपियों की घटनास्थल पर मौजूदगी की पुष्टि करते हैं। सूत्रों के अनुसार, लड़की और दो आरोपियों – बस चालक कुलदीप और कंडक्टर संदीप – के फिंगरप्रिंट बस से बरामद किए गए हैं। पुलिस ने दोनों आरोपियों के कपड़े भी जब्त कर लिए हैं और बस की सीटों और स्टीयरिंग व्हील से फोरेंसिक नमूने एकत्र किए हैं। जांचकर्ता डीएनए रिपोर्ट का इंतजार कर रहे हैं, जिससे मामले में और सबूत मिलने की उम्मीद है।
नोएडा में चलती बस में किशोरी के साथ सामूहिक बलात्कार
यह घटना 4 अगस्त की रात को घटी, जब कक्षा 11की छात्रा , जो मूल रूप से उत्तर प्रदेश के मैनपुरी की रहने वाली है, कथित तौर पर ग्रेटर नोएडा के परी चौक के पास एक स्लीपर बस में चढ़ गयी ,जब वह नोएडा सेक्टर 63 में एक रिश्तेदार के साथ रहने के लिए जा रही था और गलती से वहां से उतर गयी थी।
पुलिस के अनुसार, लड़की अपनी मां की डांट के बाद घर से निकली थी और अपने चचेरे भाई के घर जा रही थी। भारी बारिश के दौरान वह गलती से रात करीब 9 बजे परी चौक पर उतर गई और उसे एहसास हुआ कि वह अभी भी अपने गंतव्य से लगभग 25 किलोमीटर दूर है। लड़की ने पुलिस को बताया कि कंडक्टर ने उसके साथ अनुचित व्यवहार करने की कोशिश की और फिर चालक और कंडक्टर ने चलती बस में उसके साथ बलात्कार किया। उसने यह भी आरोप लगाया कि जब उसने विरोध किया तो दोनों पुरुषों ने उसे जान से मारने की धमकी दी।



