
NEET पेपर लीक मामले को लेकर आंदोलन चला रही कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) ने केंद्र सरकार के साथ बातचीत में एक महत्वपूर्ण सफलता मिलने का दावा किया है। CJP के प्रवक्ता सौरव दास ने बताया कि सरकार के प्रतिनिधियों ने प्रदर्शनकारियों पर दर्ज सभी एफआईआर (FIR) वापस लेने, हिरासत में लिए गए लोगों को रिहा करने और भविष्य में किसी भी तरह की पुलिस कार्रवाई से सुरक्षा देने का आश्वासन देते हुए ड्राफ्ट नोटिफिकेशन (प्रारूप अधिसूचनाएं) साझा किए हैं।
नया आंदोलन शुरू करने की दी थी चेतावनी
यह घटनाक्रम CJP द्वारा देशव्यापी आंदोलन फिर से शुरू करने की चेतावनी दिए जाने के कुछ ही घंटों बाद सामने आया। CJP ने केंद्र सरकार पर 25 जुलाई को किए गए वादों से मुकरने का आरोप लगाया था। 25 जुलाई को तत्कालीन शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे के बाद 49 दिनों से चल रहा नीट विरोधी आंदोलन स्थगित किया गया था। CJP की प्रमुख मांगों में केंद्र और एनडीए शासित राज्यों द्वारा दर्ज सभी एफआईआर की वापसी, प्रदर्शनकारियों के खिलाफ भविष्य में कोई कार्रवाई न करने की गारंटी, नीट पेपर लीक से जुड़ी आत्महत्याओं के पीड़ितों को मुआवजा और 5 सूत्रीय परीक्षा सुधार चार्टर पर विचार शामिल था।
तीन घंटे चली मैराथन बैठक में क्या हुआ?
सौरव दास ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर जानकारी दी कि प्रेस कॉन्फ्रेंस के तुरंत बाद सरकारी प्रतिनिधियों ने CJP नेताओं से मुलाकात की, जिसके बाद करीब तीन घंटे तक बातचीत हुई। इस दौरान बिहार और असम सरकार की ओर से एफआईआर वापसी, पुलिस कार्रवाई रोकने और गिरफ्तार छात्रों को रिहा करने की गारंटी देने वाले ड्राफ्ट नोटिफिकेशन की प्रतियां साझा की गईं। सरकार ने भरोसा दिलाया है कि केंद्र और अन्य भाजपा/एनडीए शासित राज्यों की ओर से भी मंगलवार तक ऐसे ही गारंटी नोटिफिकेशन जारी कर दिए जाएंगे।
कपिल सिब्बल के साथ प्रेस कॉन्फ्रेंस में सरकार को घेरा था
इससे पहले सोमवार को CJP ने राज्यसभा सांसद और वरिष्ठ अधिवक्ता कपिल सिब्बल के साथ प्रेस कॉन्फ्रेंस की थी। इसमें आरोप लगाया गया था कि 25 जुलाई को हुए समझौते के बावजूद पुलिस प्रशासन द्वारा छात्रों को गिरफ्तार करने और वॉलंटियर्स को परेशान करने की कार्रवाई जारी थी।
CJP ने चेतावनी दी थी कि अगर वादों का लिखित प्रतिरूप मंगलवार तक नहीं मिला, तो वे दोबारा सड़कों पर उतरेंगे। हालांकि, नए घटनाक्रम के बाद CJP ने अपने समर्थकों और छात्रों को आश्वस्त किया है कि किसी भी प्रदर्शनकारी को अकेला नहीं छोड़ा जाएगा और सभी की सुरक्षा सुनिश्चित की जाएगी।



