
नई दिल्ली। जेएनयू छात्र संघ के अध्यक्ष कन्हैया कुमार ने बुधवार को पूर्व केंद्रीय मानव संसाधन विकास मंत्री के पद से हटाए जाने के फैसले का स्वागत किया है। कन्हैया कुमार ने स्मृति पर निशाना साधते हुए कहा कि यह दलित छात्र रोहित वेमुला की आत्महत्या मामले में उनकी भूमिका के चलते मिली सजा नहीं है।
कन्हैया कुमार ने स्मृति को बोला बाय
जेएनयूएसयू के अध्यक्ष कन्हैया ने स्मृति ईरानी का कपड़ा मंत्रालय में स्थानांतरण किए जाने के बाद कहा कि वेमुला को न्याय नहीं मिला है। दलित छात्र ने हैदराबाद में आत्महत्या कर ली थी। कन्हैया ने कहा कि रोहित को अभी न्याय नहीं मिला है। मंत्रिमंडल में फेरबदल स्मृति ईरानी की सजा नहीं है। बाय बाय स्मृति ईरानी। उन्होंने यह भी कहा कि वेमुला को आत्महत्या के लिए मजबूर करने वाले नेता बंडारू दत्तात्रेय को जेल होनी चाहिए।
वेमुला हैदराबाद विश्वविद्यालय में पीएची का छात्र था, जिसने 17 जनवरी को आत्महत्या कर ली थी। इस घटना के बाद पूरे देश में तत्कालीन मानव संसाधन विकास मंत्री स्मृति ईरानी और दत्तात्रेय के खिलाफ जबर्दस्त विरोध-प्रदर्शन हुए। दोनों पर छात्र को खुदकुशी के लिए मजबूर करने का आरोप है।
अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद (एबीवीपी) के एक नेता के साथ हुई झड़प के बाद सितंबर में वेमुला सहित पांच दलित विद्यार्थियों को हैदराबाद विवि से निलंबित कर दिया गया था।