
गाजीपुर राजकीय मेडिकल कॉलेज अस्पताल से शनिवार तड़के पुलिस अभिरक्षा में भर्ती हिस्ट्रीशीटर सुधीर पासी उर्फ ध्रुव पासी फरार हो गया। वह शौचालय जाने के बहाने निकला और पुलिसकर्मियों को चकमा देकर भाग निकला। घटना के बाद पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया और सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल उठने लगे हैं। पुलिस उसकी तलाश में जुटी है।
फरारी कैसे हुई
सुधीर 21 अगस्त को पैरों में लगी गोली के ऑपरेशन के लिए जिला कारागार से मेडिकल कॉलेज में भर्ती कराया गया था। शनिवार सुबह करीब चार बजे वह व्हीलचेयर से दूसरे तल स्थित बर्न वार्ड के शौचालय में गया। शौचालय के बाहर पुलिसकर्मी तैनात था। करीब 15 मिनट तक बाहर नहीं आने पर पुलिसकर्मी ने दरवाजा खटखटाया। अंदर से जवाब न मिलने पर लॉक तोड़ा गया। अंदर शौचालय की जाली टूटी मिली और सुधीर गायब था। मौके पर उसकी व्हीलचेयर और गमछा पड़ा मिला।
हिस्ट्रीशीटर की पृष्ठभूमि
सुधीर मरदह थाने का हिस्ट्रीशीटर (HS-92A) है। पुलिस के अनुसार एक अगस्त को गहमर थाना क्षेत्र में मुठभेड़ के दौरान उसके दोनों पैरों में गोली लगी थी। उसके खिलाफ गाजीपुर समेत कई जिलों में चोरी, लूट, रंगदारी, गैंगस्टर एक्ट और आर्म्स एक्ट सहित करीब 35 मुकदमे दर्ज हैं।
तलाश और सुरक्षा पर सवाल
घटना के बाद पुलिस मेडिकल कॉलेज परिसर और आसपास के संभावित रास्तों पर उसकी तलाश कर रही है। मरीजों और तीमारदारों के अनुसार आरोपी कई बार मोबाइल मांगता था। कुछ लोगों का कहना है कि उसके हाथ में हथकड़ी भी नजर नहीं आती थी। हालांकि इन दावों की आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है।
पुलिस अभिरक्षा में भर्ती घायल बंदी के शौचालय की जाली तोड़कर फरार होने की घटना ने सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। पुलिसकर्मी की मौजूदगी के बावजूद आरोपी कैसे फरार हुआ और उसने किस रास्ते का इस्तेमाल किया, इसकी जांच चल रही है। पूर्व में भी पुलिस अभिरक्षा से आरोपियों के फरार होने की घटनाएं सामने आ चुकी हैं। ऐसे में इस मामले में जिम्मेदारी तय होने और सुरक्षा चूक की जांच पर सभी की नजर है।



