
मंगलवार को जम्मू-कश्मीर के गांदरबल जिले के कंगन इलाके में एक तेज रफ्तार बस के सड़क से फिसल जाने के कारण अमरनाथ यात्रा के कम से कम 39 तीर्थयात्री घायल हो गए। ये तीर्थयात्री अमरनाथ यात्रा से लौट रहे थे तभी यह हादसा हुआ। खबरों के मुताबिक, हरिगानवान में एक तीखे मोड़ पर चालक के नियंत्रण खो देने के बाद बस एक घर में जा गिरी। हालांकि घर को काफी नुकसान पहुंचा, लेकिन इससे बस सिंध नदी में गिरने से बच गई, जिससे संभवतः एक बड़ी त्रासदी टल गई। अधिकारियों ने बताया कि दुर्घटना के समय घर में कोई मौजूद नहीं था। अमरनाथ गुफा में दर्शन करने के बाद लौट रहे 39 तीर्थयात्री घायल हो गए। स्थानीय निवासियों और सुरक्षाकर्मियों ने उन्हें बचाया और इलाज के लिए पास के अस्पतालों में भर्ती कराया।
पुलिस अधिकारी ने बताया कि दुर्घटना की सूचना मिलते ही जम्मू-कश्मीर पुलिस, भारत-तिब्बत सीमा पुलिस (आईटीबीपी), केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल (सीआरपीएफ), भारतीय सेना और स्थानीय निवासियों की टीमों ने तुरंत बचाव अभियान शुरू किया। सभी घायलों को अस्पताल पहुंचाया गया और उनकी हालत स्थिर बताई जा रही है। अधिकारियों के अनुसार, अधिकांश तीर्थयात्रियों को मामूली चोटें आई हैं और उनका इलाज चल रहा है।
उपराज्यपाल मनोज सिन्हा ने हालत के बारे में जानकारी ली
उपराज्यपाल मनोज सिन्हा ने घायलों की हालत के बारे में जानकारी ली। सिन्हा ने अपने फेसबुक हैंडल पर लिखा, “मैंने गांदरबल के उपायुक्त और स्वास्थ्य अधिकारियों से बात की और आज सुबह गांदरबल के गनीवान में हुए दुर्भाग्यपूर्ण सड़क हादसे में घायल हुए अमरनाथ यात्रा के तीर्थयात्रियों के स्वास्थ्य के बारे में जानकारी ली। बाबा बर्फानी के दर्शन के बाद लौट रहे 39 तीर्थयात्री घायल हो गए हैं और वर्तमान में एसकेआईएमएस में उनका इलाज चल रहा है। उन्होंने कहा कि उन्होंने स्वास्थ्य अधिकारियों को निर्देश दिया है कि घायलों को हर संभव सहायता और सर्वोत्तम चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराई जाए। सिन्हा ने कहा, “मैं भगवान शिव से घायल श्रद्धालुओं के शीघ्र स्वस्थ होने की प्रार्थना करता हूं।



