
भारत के निजी अंतरिक्ष क्षेत्र के लिए ऐतिहासिक दिन। हैदराबाद स्थित स्टार्टअप स्काईरूट एयरोस्पेस ने शनिवार को अपना विक्रम-1 रॉकेट सफलतापूर्वक लॉन्च कर दिया।
मिशन आगमन नाम से यह लॉन्च श्रीहरिकोटा के सतीश धवन स्पेस सेंटर से किया गया। यह भारत का पहला निजी विकसित ऑर्बिटल क्लास रॉकेट है।
लगभग सात मंजिला ऊंचाई वाले विक्रम-1 रॉकेट को पूरी तरह कार्बन कंपोजिट से बनाया गया है। यह 350 किलोग्राम तक के पेलोड को लो अर्थ ऑर्बिट में पहुंचाने में सक्षम है। रॉकेट में स्काईरूट द्वारा स्वदेशी रूप से विकसित 3D प्रिंटेड इंजन और हाई-परफॉर्मेंस सॉलिड रॉकेट मोटर लगे हैं।
कंपनी के संस्थापक (पूर्व ISRO वैज्ञानिक) पवन कुमार चंदना और नागा भरत डाका ने इस सफलता पर खुशी जताई।
स्काईरूट इससे पहले 2022 में विक्रम-S रॉकेट लॉन्च कर इतिहास बना चुका है। विक्रम-1 की सफलता भारत के निजी अंतरिक्ष उद्योग को नई ऊंचाई देगी और छोटे उपग्रहों के लिए सस्ता और तेज लॉन्च विकल्प उपलब्ध कराएगी।




