
भारतीय शतरंज के युवा सुपरस्टार आर. प्रग्गनानंदा ने एक बार फिर इतिहास रच दिया है। नॉर्वे चेस टूर्नामेंट के आठवें दौर में विश्व नंबर-1 मेगनस कार्लसन को हराकर प्रग्गनानंदा ने एक ही टूर्नामेंट में कार्लसन को दूसरी बार शिकस्त दी।
20 वर्षीय चेन्नई के ग्रैंडमास्टर ने पहले सफेद मोहरों से और अब काले मोहरों से कार्लसन को हराया। यह उपलब्धि 19 साल बाद हासिल हुई है। आखिरी बार यह कारनामा 2007 में विशनाथन आनंद ने लिनारेस टूर्नामेंट में किया था।
प्रग्गनानंदा ने मैच के बाद कहा, “मेगनस को हराने से ज्यादा इस टूर्नामेंट में जीत हासिल करना महत्वपूर्ण था। मैं खुश हूं कि ऐसा कर पाया।” उन्होंने कार्लसन की तारीफ करते हुए कहा कि वो बेहद अच्छा बचाव कर रहे थे, लेकिन अंत में एक भूल हो गई।
प्रग्गनानंदा अब टूर्नामेंट के बाकी दौरों में अच्छे फॉर्म को जारी रखना चाहते हैं।



