**ग्राम पंचायतों व नगर पालिका पर डीएम ने कसी सख्ती**

downloadनगर पालिका वाहनों में खपत होने बाले डीजल की होगी फीडिंगशाहजहाँपुर। डीएम ने समस्त नगर पालिकाओं व नगर पंचायतें उचित और सुव्यस्थित कूड़ा प्रबन्धन करके 15 दिन के अन्दर जानकारी मांगी। डीएम स्वयं सभी निकायों के मोहल्लों में जाकर भ्रमण कर चेक करेंगे। यह निर्देश डीएम विजय किरन आनन्द ने स्थानीय निकाय के विभिन्न कार्यो एवं व्यवस्थाओं की कलेक्ट्रेट सभाकक्ष में बैठक लेतेहुये दिये। उन्होंने निर्देश दिये कि डोर टू डोर सफाई करने वाले मोहल्लो में जायेगे और कूड़ा उठायेंगे। सफाई कर्मचारियों की उपस्थिति मौके पर है या नही उनकी फोटो लोड होने पर विकसित साफ्टवेयर में स्वतः कैच होगा। उन्होंने साफ्टवेयर विकसित करने वाली फर्म से अधिशासी अधिकारी की वार्ता कराते हुये निर्देश दिये कि फर्म से पूरी सहायता ले सकते है। उन्होंने सभी एसडीएम को निर्देश दिये कि वह कूड़ा ढोने वाले वाहनों को दिये जाने वाले डीजल का निरीक्षण करें और दिये गये डीजल को कम्प्यूटर में फीड कराये। उन्होने यह भी निर्देश दिये कि जो लोग कूड़ा बाहर फेंके, नालियों, रास्तों पर जो अवैघ कब्जे करें उनके विरूद्ध नगर पालिका चालान करते हुये कार्यवाही करें। नगर में सीवर लाइन बिछाने के लिए इस ढंग का प्लान बनाये कि भविष्य में जनसंख्या बढ़ने पर नया सीवर लाइन बिछाने की जरूरत न पड़े।डीएम ने निर्देश दिये कि सभी अधिशासी अधिकारी अपने-अपने निकायों में ग्रीन बेल्ट पार्क बनवायें। इसके लिए जमीन देखे। शाहजहांपुर के शहीद पार्क में कई कमियां है।उन्होंने निर्देश दिये कि उन कमियों को दूर कराते हुये अच्छे ढंग से बनवायें। सभी अधिशासी अधिकारियों को निर्देश दिये कि वह अपनी जिम्मेदारी समझे। भारत सरकार की अमृत योजना के विषय में जानकारी करने पर उपस्थित किसी ईओ द्वारा पूरी जानकारी न देने पर नाराजगी व्यक्त करते हुये निर्देश दिये कि अगली बैठक में पूरी जानकारी करके आये। निर्माण कार्यो की समीक्षा करते हुये जिलाधिकारी ने निर्देश दिये कि अवस्थापना निधि में कितनी धनराशि आयी है और कहा-कहा निर्माण हुआ है सभी ईओ सूची बनाकर दें। समस्त निकायों में 14500 लाइटे बनी हुई पाई गयी। जिलाधिकारी ने निर्देश दिये कि जिन मोहल्लों में स्थानो में अधिक चोरी व अपराध ज्यादा हो रहे हो वहां पुलिस से पूछ कर लाइटे लगवायें। सभी निकायों में कितनी सम्पत्ति है उसका विवरण भी दिया जाये। जिले में सभी निकायों में लगभग 150 करोड़ रूपये विकास कार्यो के लिए आया था उसका कहा-कहा कार्य कराया गया है विवरण बनाकर दें। राज्य वित आयोग से कितनी धनराशि बची है उसका भी विवरण बनाकर दे। कर करेतर की समीक्षा करते हुये जिलाधिकारी ने पाया कि सभी निकायों द्वारा मात्र 12 करोड़ रूपये की बसूली की गयी है। उन्होंने कहा कि जो बकाया टैक्स हो सभी ईओ उसकी आर.सी. जारी करे बसूली कराई जायेगी। स्वकर प्रणाली के विषय में कर अधीक्षक जानकारी नही दे पाये। उन्होंने स्वकर प्रणाली के विषय में जानकारी देते हुये उसे लागू करने के निर्देश दिये। इस मौके पर एडीएम प्रशासन एमएन उपाध्याय, एडीएम वित एवं राजस्व पीके श्रीवास्तव सहित समस्त उपजिलाधिकारी, निकायों के अधिशासी अधिकारी कर्मचारी आदि उपस्थित रहे।

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