श्रीराम जन्मभूमि मंदिर में श्रद्धालुओं द्वारा चढ़ाए गए दानपात्र की राशि में हेराफेरी का बड़ा मामला सामने आया है। मंदिर परिसर में सुरक्षा और सीसीटीवी निगरानी के दौरान इस गड़बड़ी को पकड़ा गया।
पुलिस ने मामले की गंभीरता को देखते हुए दान राशि गिनने से जुड़े करीब 4 संदिग्ध कर्मचारियों को हिरासत में ले लिया है। जांच के दौरान एक आरोपी अविनाश शुक्ल के बैंक खाते से 5 लाख रुपये रिकवर कर ट्रस्ट के खाते में जमा करा दिए गए हैं।
राजनीतिक बवाल
इस घटना के बाद राजनीति गरमा गई है। समाजवादी पार्टी अध्यक्ष अखिलेश यादव ने सरकार और राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि मंदिर के चंदे में करोड़ों रुपये गायब हैं। उन्होंने अदालत से स्वतः संज्ञान लेने की मांग की है।
ट्रस्ट के महासचिव चंपत राय ने कहा कि मंदिर में नियमित आंतरिक ऑडिट होता है और अभी तक कोई बड़ी वित्तीय गड़बड़ी सामने नहीं आई है। पुलिस पूरे मामले की गहन जांच कर रही है।



