
आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस और रोबोटिक्स की दुनिया में चीन से एक बड़ी उपलब्धि सामने आई है। चीन में आयोजित वर्ल्ड ह्यूमनॉइड रोबोट गेम्स में एक ह्यूमनॉइड रोबोट ने 100 मीटर दौड़ में शानदार प्रदर्शन करते हुए नया रिकॉर्ड बनाया है।
इस रोबोट ने महज 9.39 सेकेंड में 100 मीटर की दूरी पूरी कर ली। वहीं इंसानों की दुनिया में सबसे तेज धावक माने जाने वाले उसैन बोल्ट ने 100 मीटर रेस 9.58 सेकेंड में पूरी की थी। हालांकि, रोबोट और इंसानों की रेस की सीधी तुलना नहीं की जा सकती, लेकिन रोबोटिक्स की दुनिया में इसे बड़ी तकनीकी उपलब्धि माना जा रहा है।
इस तेज रफ्तार ह्यूमनॉइड रोबोट को बीजिंग इनोवेशन सेंटर ऑफ ह्यूमनॉइड रोबोटिक्स ने तैयार किया है। इसे इस तरह डिजाइन किया गया है कि यह दो पैरों पर दौड़ सके और अपनी गति को नियंत्रित कर सके। ह्यूमनॉइड रोबोट के लिए दो पैरों पर दौड़ना काफी चुनौतीपूर्ण होता है, क्योंकि उन्हें लगातार संतुलन बनाए रखना पड़ता है। इसके लिए सेंसर, मोटर, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस और रियल टाइम कंट्रोल सिस्टम जैसी आधुनिक तकनीकों का इस्तेमाल किया जाता है।
वर्ल्ड ह्यूमनॉइड रोबोट गेम्स का उद्देश्य सिर्फ रोबोट की स्पीड को परखना नहीं है। इस प्रतियोगिता में रोबोट्स को अलग-अलग क्षमताएं दिखाने का मौका दिया गया। इस आयोजन में दौड़ के अलावा बॉक्सिंग, फुटबॉल जैसे खेल भी शामिल रहे। इसके साथ ही रोबोट्स ने ऐसे घरेलू काम भी करके दिखाए जो इंसानों की रोजमर्रा की जिंदगी से जुड़े हैं।
ह्यूमनॉइड रोबोट की यह उपलब्धि आने वाले समय में रोबोटिक्स तकनीक के बढ़ते प्रभाव का संकेत दे रही है। विशेषज्ञों का मानना है कि भविष्य में रोबोट घर के काम, सामान की डिलीवरी, दुकानों में काम करने और कई अन्य क्षेत्रों में इंसानों की मदद करते नजर आ सकते हैं। एआई और रोबोटिक्स के लगातार विकास के साथ आने वाले वर्षों में मशीनों की क्षमताएं और भी ज्यादा बढ़ने की संभावना है।



