
इलाहाबाद हाईकोर्ट द्वारा ग्राम प्रधानों को कार्यकाल समाप्त होने के बाद प्रशासक बनाए जाने के सरकारी फैसले पर रोक लगाने के बाद समाजवादी पार्टी अध्यक्ष अखिलेश यादव ने योगी सरकार पर निशाना साधा है।
अखिलेश यादव ने कहा कि हाईकोर्ट ने साफ कर दिया है कि यह फैसला असंवैधानिक है। अब जनता पूछ रही है कि असंवैधानिक फैसला लेने की सजा क्या होगी। उन्होंने चिंता जताई कि प्रधानों ने जनता से कई वादे किए थे, अब कोर्ट के फैसले से उनका विश्वास टूट सकता है और उनकी छवि खराब हो सकती है।
अखिलेश ने यह भी सवाल उठाया कि इस बीच किए गए खर्च और बजट का क्या होगा। अगर यह अवधि अमान्य मानी गई तो खर्च किए गए पैसे को लेकर भी विवाद खड़ा हो सकता है।



