
राजधानी के अलीगंज क्षेत्र में सोमवार दोपहर एक तीन मंजिला व्यावसायिक इमारत में लगी भीषण आग ने 15 युवाओं की जान ले ली। मृतकों में अधिकांश 20-24 वर्ष के छात्र और युवा थे, जो गेमिंग और एनिमेशन ट्रेनिंग सेंटर में काम कर रहे थे या ट्रेनिंग ले रहे थे।
आग लगने के बाद छात्र ऊपरी मंजिल पर फंस गए। कई छात्रों ने बाथरूम में खुद को बंद कर लिया और परिजनों को फोन कर ‘बचाओ’ की पुकार लगाई। एक छात्र ने अपने दोस्त को फोन कर ‘बचा लो’ कहा, लेकिन मदद समय पर नहीं पहुंच सकी। कुछ छात्रों ने खिड़की से कूदकर जान बचाने की कोशिश की, जिसमें एक युवक गंभीर रूप से घायल हो गया।
डिप्टी सीएम भावुक
उपमुख्यमंत्री ब्रजेश पाठक मौके पर पहुंचे और घटना का बयान देते हुए भावुक हो गए। उन्होंने कहा कि उन्होंने अपनी आंखों से 11-12 शव देखे। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने अलigarh का कार्यक्रम बीच में छोड़कर लखनऊ लौट आए और उच्चस्तरीय जांच के आदेश दिए।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शोक व्यक्त करते हुए मृतकों के परिजनों को 2 लाख और घायलों को 50 हजार रुपये की सहायता घोषित की।




