सरसौल के करबिगवां गांव पहुंचे जिलाधिकारी पंचायत सचिव को दी प्रतिकूल प्रविष्टि

सरसौल ब्लाक के करबिगवां गांव का रविवार को निरीक्षण करने पहुंचे जिलाधिकारी आलोक कुमार तिवारी जगह-जगह गंदगी व जलभराव देख भड़क गए। उन्होंने बीडीओ से नाराजगी दर्ज करा ग्राम पंचायत अधिकारी को जमकर फटकार लगाई। गांव में सफाई व्यवस्था से नाखुश जिलाधिकारी ने संबंधित ग्राम पंचायत सचिव को प्रतिकूल प्रविष्टि देने के निर्देश दिए। उन्होंने भीषण उमस व गर्मी के दोपहर में पूरे गांव का भ्रमण कर एक-एक गली को देखा। बीडीओ को पूरे दिन गांव में कैंप करके समस्याओं के तत्काल निस्तारण के निर्देश दिए।

करबिगवां में बुखार से हो चुकी है कई लोगों की मौत

सरसौल के करबिगवां में पिछले दिनों बुखार से आधा दर्जन से अधिक लोगों की मौत हो चुकी है। ग्रामीणों का कहना था कि गांव में डेंगू ने दस्तक दे दी है। डेंगू की चपेट में आकर लोग काल के गाल में समा रहे हैं। स्वास्थ्य विभाग ने तीन दिनों तक गांव में शिविर लगाकर कोविड, मलेरिया व डेंगू आदि से संबंधित जांचें कर स्वास्थ्य परीक्षण किया था। बीमारियों से ग्रसित लोगों को दवाएं दी गई थीं, लेकिन जांच में किसी को भी डेंगू व कोविड की पुष्टि नहीं हुई थी।

सरकारी स्कूल पर कब्जा देख दिए जांच के निर्देश

करबिगवां में बुखार से हुई मौतों के संबंध में रविवार दोपहर जिलाधिकारी आलोक कुमार तिवारी व सीएमओ डॉ. अनिल मिश्रा ने जनचौपाल लगा स्वास्थ्य व सफाई व्यवस्था का जायजा लिया। चौपाल के दौरान ग्रामीणों ने डीएम से गांव में जगह-जगह गंदगी होने का दुखड़ा रोया तो डीएम हकीकत जानने के लिए पैदल ही गांव की गलियों में निकल पड़े। वह गलियों के किनारे जगह-जगह जलभराव, नालियों में व गांव के अंदर बने तालाबों में गंदगी देख भड़क गए। पहले कार्यवाहक बीडीओ सौरभ बर्नवाल से नाराजगी जताई। बाद में लापरवाही पर ग्राम पंचायत सचिव अनिल शाक्य को प्रतिकूल प्रविष्टि देने के निर्देश दिए। स्कूल की सरकारी जमीन पर कब्जे को देख डीएम ने एसडीएम नर्वल रिजवाना शाहिद से रिकार्ड देख कर जांच के निर्देश दिए। लापरवाही पर लेखपाल के खिलाफ निलंबन की रिपोर्ट देने को कहा। जिलाधिकारी व सीएमओ ने ग्रामीणों को कोविड व अन्य संक्रामक बीमारियों से बचने के प्रति जागरूक किया। 

=>
LIVE TV