
उत्तराखंड में राज्यसभा चुनाव को लेकर राजनीतिक सरगर्मियां अपने चरम पर पहुंच गई हैं। भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) की ओर से राज्यसभा के घोषित उम्मीदवार दिनेश आर्य मंगलवार को देहरादून स्थित राज्य विधानसभा भवन में उच्च सदन के लिए अपना आधिकारिक नामांकन पत्र दाखिल करेंगे। इस चुनावी प्रक्रिया को लेकर सत्ताधारी दल ने अपनी पूरी तैयारियां मुकम्मल कर ली हैं और इसे एक बड़े राजनीतिक शक्ति प्रदर्शन के तौर पर भी देखा जा रहा है।
पार्टी द्वारा तय किए गए विस्तृत कार्यक्रम के अनुसार, भारतीय जनता पार्टी के सभी विधायकों को सुबह 10 बजे तक विधानसभा परिसर में पहुंचने के लिए कहा गया है। इसके बाद, सुबह ठीक 11 बजे दिनेश आर्य अपना नामांकन पत्र निर्वाचन अधिकारी के समक्ष प्रस्तुत करेंगे। नामांकन की इस महत्वपूर्ण प्रक्रिया के दौरान उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी विशेष रूप से उपस्थित रहेंगे। मुख्यमंत्री के अलावा पार्टी के कई अन्य वरिष्ठ नेता, मंत्री और संगठन के प्रमुख पदाधिकारी भी वहां मौजूद रहकर प्रत्याशी का उत्साह बढ़ाएंगे।
दिनेश आर्य के नामांकन के समय पार्टी के तमाम बड़े नेताओं और विधायकों की यह सामूहिक उपस्थिति केवल एक औपचारिक प्रक्रिया नहीं है, बल्कि इसे राज्य में भाजपा की सोची-समझी चुनावी रणनीति और मजबूत संगठनात्मक एकता के एक अहम प्रदर्शन के रूप में देखा जा रहा है। शीर्ष नेतृत्व और विधायकों की एकजुटता यह स्पष्ट रूप से रेखांकित करती है कि पार्टी इस राज्यसभा चुनाव को लेकर पूरी तरह से एक समन्वित और गंभीर दृष्टिकोण अपना रही है।
गौरतलब है कि भाजपा के केंद्रीय नेतृत्व ने हाल ही में रविवार को उत्तराखंड में 2026 के द्विवार्षिक राज्यसभा चुनाव के लिए दिनेश आर्य के नाम पर मुहर लगाते हुए उन्हें अपना आधिकारिक उम्मीदवार घोषित किया था। राज्य में यह राज्यसभा चुनाव इसलिए आवश्यक हो गया है क्योंकि उच्च सदन के वर्तमान सदस्य और भाजपा नेता नरेश बंसल का कार्यकाल समाप्त हो रहा है।
इस रिक्त हो रही सीट को भरने के लिए भारत निर्वाचन आयोग (ईसीआई) ने 22 सितंबर को ही द्विवार्षिक चुनाव के विस्तृत कार्यक्रम की घोषणा कर दी थी, जिसके तहत अब चुनावी प्रक्रिया सुचारू रूप से आगे बढ़ रही है।




