
करवा चौथ के पावन अवसर पर उत्तराखंड की पुष्कर सिंह धामी सरकार ने राज्य की कामकाजी महिलाओं को एक बड़ी राहत दी है। बुधवार को अधिकारियों द्वारा दी गई आधिकारिक जानकारी के अनुसार, राज्य सरकार ने 29 अक्टूबर को करवा चौथ के दिन सभी महिला कर्मचारियों के लिए सार्वजनिक अवकाश (Public Holiday) की घोषणा की है।
मुख्यमंत्री के निर्देशों पर जारी हुआ आदेश कामकाजी महिलाओं के लिए करवा चौथ के कठिन निर्जला व्रत के साथ दफ्तर का काम संभालना काफी चुनौतीपूर्ण होता है। महिलाओं की इसी परेशानी को समझते हुए यह आदेश सीधे मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के विशेष निर्देशों के बाद जारी किया गया है। इस फैसले के लागू होने से राज्य के विभिन्न सरकारी विभागों में कार्यरत महिला कर्मचारियों को अपने त्योहार को पूरे विधि-विधान और शांति के साथ मनाने का अवसर मिलेगा।
आस्था और परंपराओं का सम्मान इस फैसले के संदर्भ में बात करते हुए मुख्यमंत्री धामी ने कहा कि करवा चौथ महिलाओं की अटूट आस्था, अगाध प्रेम और पारिवारिक विश्वास का एक बेहद महत्वपूर्ण त्योहार है। उन्होंने स्पष्ट किया कि उत्तराखंड सरकार ना सिर्फ महिलाओं के हितों और अधिकारों की रक्षा करने के लिए प्रतिबद्ध है, बल्कि उनकी गहरी भावनाओं, धार्मिक मान्यताओं और सदियों पुरानी समृद्ध परंपराओं का भी पूरा सम्मान करती है।
विकास के साथ सांस्कृतिक विरासत को सहेजने पर जोर सीएम धामी ने राज्य के विजन को साझा करते हुए कहा, “हमारी सरकार का यह निरंतर प्रयास रहता है कि राज्य के चहुंमुखी विकास के साथ-साथ हमारी सांस्कृतिक विरासत और पारंपरिक त्योहारों से जुड़ी गहरी भावनाएं भी सशक्त हों।”
करवा चौथ जैसे पर्वों की महत्ता पर जोर देते हुए उन्होंने कहा कि ऐसे त्योहार परिवारों के भीतर प्रेम, अटूट विश्वास और आपसी समर्पण की भावना को बढ़ावा देते हैं और समाज को एकजुट रखने का काम करते हैं।




