
बेंजामिन नेतन्याहू का दावा है कि इजरायल ईरान के खिलाफ अरब देशों के साथ गठबंधन बना रहा है, जबकि वह होर्मुज जलडमरूमध्य पर तेहरान के नियंत्रण को कम करने के लिए संभावित अमेरिकी बल का समर्थन कर रहा है। उधर ट्रंप ने कहा कि अमेरिका ईरान के संसदीय अध्यक्ष मोहम्मद बगेर क़लीबाफ़ से बातचीत कर रहा है। पूर्व रिवोल्यूशनरी गार्ड कमांडर क़लीबाफ़ का नाम पहले वाशिंगटन के वार्ताकार के रूप में सामने आया था, लेकिन उन्होंने ईरान द्वारा अमेरिका से बातचीत करने से इनकार किया और कहा कि पाकिस्तान द्वारा कराई गई बातचीत अमेरिकी सैनिकों की तैनाती को छिपाने का एक बहाना मात्र थी।
अमेरिका, ईरान और इज़राइल से जुड़ा संघर्ष अब वैश्विक संकट का रूप ले चुका है, तेल की कीमतें तेज़ी से बढ़ रही हैं और ज़मीनी व हवाई हमले भी तेज़ हो गए हैं। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने ईरान को कड़ी चेतावनी देते हुए कहा है कि अगर वह अपना परमाणु हथियार कार्यक्रम नहीं छोड़ता है, तो उसका अस्तित्व ही खतरे में पड़ सकता है। उन्होंने यह भी दावा किया कि अमेरिका और ईरान के बीच बातचीत आगे बढ़ रही है और जल्द ही कोई समझौता हो सकता है।


