22 फरवरी 2026 को मैक्सिकन सेना ने जलिस्को न्यू जेनरेशन कार्टेल (CJNG) के शक्तिशाली नेता नेमेसियो “एल मेंचो” ओसेगुएरा सर्वांटेस को एक स्पेशल ऑपरेशन में मार गिराया। ऑपरेशन जलिस्को राज्य के तापालपा में हुआ, जहां एल मेंचो घायल होकर गिरफ्तार हुए और मेक्सिको सिटी ले जाते समय मौत हो गई।
उनकी मौत की खबर फैलते ही CJNG के सदस्यों ने बदला लेने के लिए देशव्यापी हिंसा शुरू कर दी। रविवार को कम से कम 20 राज्यों में 250 से ज्यादा जलते रोडब्लॉक लगाए गए, जिससे हाईवे बंद हो गए और शहरों में धुआं उठने लगा।
प्यूर्टो वालार्टा में पर्यटकों ने एयरपोर्ट पर गोलीबारी की अफवाहों के बीच भागते हुए वीडियो शेयर किए। एयर कनाडा, यूनाइटेड, एरोमेक्सिको और अमेरिकन एयरलाइंस ने फ्लाइट्स सस्पेंड कर दीं। ग्वादालाजारा (मेक्सिको का दूसरा सबसे बड़ा शहर) में जलते वाहन और बंद दुकानों ने इलाकों को सुनसान बना दिया।
जलिस्को गवर्नर पाब्लो लेमुस ने लोगों से घर में रहने की अपील की, पब्लिक ट्रांसपोर्ट रोका और “क्रिटिकल घंटों” की चेतावनी दी। जलिस्को, मिचोआकन और गुआनाजुआतो में कम से कम 14 मौतें हुईं,जिनमें 7 नेशनल गार्ड जवान शामिल हैं।
अमेरिका और कनाडा ने प्रभावित राज्यों में अपने नागरिकों को शेल्टर-इन-प्लेस अलर्ट जारी किया। कई इलाकों में सोमवार को स्कूल बंद रहे। भारतीय दूतावास ने भारतीय नागरिकों को भीड़ से दूर रहने और मूवमेंट सीमित करने की सलाह दी।
यह ऑपरेशन फेंटेनिल जैसे ड्रग्स के उत्तर अमेरिका में तस्करी पर बड़ा झटका है, लेकिन कार्टेल की ताकत दिखाने वाली हिंसा ने देश को हिलाकर रख दिया।



