
केंद्रीय कर्मचारियों और ट्रेड यूनियनों ने 8वें वेतन आयोग को लेकर केंद्र सरकार से बड़ी मांग की है। कर्मचारी संगठनों का प्रस्ताव है कि फिटमेंट फैक्टर को पिछले वेतन आयोग से ज्यादा बढ़ाया जाए और इसमें 3% से 5% की वार्षिक वृद्धि का प्रावधान किया जाए।
संगठनों का कहना है कि महंगाई के बढ़ते दबाव को देखते हुए वेतन में पर्याप्त सुधार जरूरी है। 3% और 5% की सालाना बढ़ोतरी से कर्मचारियों को वित्तीय राहत मिलेगी, जीवन स्तर बेहतर होगा और कार्य उत्साह में भी इजाफा होगा।
इसके अलावा संगठनों ने अन्य भत्तों (DA, HRA आदि) और पेंशन से जुड़ी सुविधाओं में भी सुधार की मांग की है। उनका मानना है कि पिछले 7वें वेतन आयोग के मुकाबले इस बार अधिक लाभकारी बदलाव होने चाहिए।



