
गोवा में आम आदमी पार्टी (AAP) के हजारों कार्यकर्ताओं ने अरविंद केजरीवाल के साथ एक प्रभावशाली डॉक्यूमेंट्री देखी। इस फिल्म में पार्टी के उन नेताओं की कहानी दिखाई गई, जिन्हें फर्जी केसों में फंसाकर जेल भेजा गया। स्क्रीनिंग के दौरान कार्यकर्ताओं में न केवल जानकारी का प्रसार हुआ, बल्कि मजबूत संकल्प और आत्मविश्वास भी जगा।
हॉल में मौजूद हर व्यक्ति उस दौर का जीवंत गवाह था, जब ईमानदार राजनीति को दबाने की कोशिशें की गईं। फिल्म आगे बढ़ने के साथ माहौल गंभीर होता गया—कहीं गहरा सन्नाटा छा गया, कहीं गुस्से की लहर उठी और अंत में सभी में सच्चाई के साथ खड़े रहने का जज्बा भर गया।
अरविंद केजरीवाल ने संबोधन में कहा, “यह सिर्फ किसी एक नेता की कहानी नहीं है, बल्कि उस विचारधारा की लड़ाई है जिसे कुचलने की कोशिश हुई। हमारे नेताओं को निशाना बनाया गया, जेल में डाला गया और जनता में शक पैदा करने की साजिश रची गई, लेकिन किसी ने हार नहीं मानी और कोई टूटा नहीं।”



