Wednesday , December 2 2020
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सीएचसी मे बने आवास रो रहे बदहाली के आंसू, जनता भी परेशान

स्वच्छ भारत मिशनसचिन कुमार

शामली। एक तरफ प्रदेश व केंद्र सरकार स्वच्छ भारत मिशन को लेकर स्वछता के लाख दावे कर रही है लेकिन यूपी के शामली की ये तस्वीरें कुछ और ही बयां कर रही है. शामली की कांधला सीएचसी मे बने आवास अपनी बदहाली पर आंसू बहा रहे हैं.

सरकारी चिकित्सा विभाग की लापरवाही और अनदेखी के चलते कांधला मे बने आवास खंडरों   मे तब्दील हो गए हैं. कोई भी अधिकारी आवासों मे रहने के लिए तैयार नही है.

आवासों के हालात इतने बदत्तर हैं कि बिल्डिंगो की हालत जरजर है, और आवास मे गन्दगी के अम्बार लगे हैं और कस्बे के नालों का गंदा पानी आवासों मे भरा हुआ है. आवास मे फैली गंदगी और गन्दा पानी जमा होने के कारण जहरीले मच्छर, मक्खी पैदा हो रहे हैं. जिससे मलेरिया, टायफाईड जैसी खतरनाक बीमारी जन्म ले रही हैं. जिससे कस्बे के सैकड़ों लोग बीमारी के शिकार हो रहे हैं. कस्बेवासियों का आरोप है कि शिकायतों के बावजूद भी कोई अधिकारी सुनने को तैयार नहीं है.

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दरअसल ये तस्वीरें यूपी के जनपद शामली के कांधला सीएचसी मे बने आवास की हैं. शामली चिकित्सा विभाग की लापरवाही व अनदेखी के कारण सरकारी आवास अपनी बदहाली पर आँसू बहा रहे हैं. सीएचसी मे बने आवास खंडरों मे तब्दील हैं.

बिल्डिंगों की हालत जरजर है जिसके चलते कोई भी अधिकारी या कर्मचारी आवास मे रहने को तैयार नहीं है. आवास में जगह जगह कूड़े के ढ़ेर लगे हैं और सीएचसी मे बने आवासों मे पुरे कस्बे के नालों का गन्दा पानी जमा है. जिससे संक्रामक बीमारी पनप रही हैं.

बिल्डिंगों की हालत भी जर जर है. कस्बेवासियों का आरोप है कि आवास मे जमा गंदगी व गन्दे पानी के जमा हो जाने से इनमें जहरीले मक्खी, मच्छर पैदा हो रहे हैं. जिस कारण लोग बीमार हो रहे हैं. संक्रामक बीमारियों से जूझ रहे हैं. इसकी शिकायत प्रशानिक अधिकारियो से भी की गयी है लेकिन ना तो इसको समय से सही कराया गया और ना ही कोई अधिकारी मौके पर पंहुचा.

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अब ऐसे मे सवाल ये उठता है जब शामली का स्वास्थय विभाग ही बीमार हो गया है तो वो ऐसे मे शामली की जनता को इस गंदगी और बीमारियों से कैसे निजात दिलायेगा. जब इस पुरे मामले मे एसीएमओ सुधीर कुमार से बात की तो उन्होंने भी स्वास्थ्य विभाग का पक्ष रखते हुए जांच की बात कही और जल्द ही इस समस्या के निस्तारण का आश्वासन दिया है.

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