मियां-बीबी राजी होने के बावजूद काजी ने नहीं कराया निकाह, प्रशासन में हड़कंप

शाहजहांपुर। जब मियां-बीबी राजी तो क्या करेगा काजी की कहावत तो आपने सुनी होगी, लेकिन जब काजी ही शादी कराने से इनकार कर दे तो फिर क्या हुआ. खबर यूपी के शाहजहांपुर से है, जहां सामूहिक विवाह कार्यक्रम में काजी ने निकाह करवाने से इंकार कर दिया, जिसके बाद जिला प्रशासन में हड़कंप मचा हुआ है.

यूपी के शाहजहांपुर में सामूहिक विवाह कार्यक्रम में काजी ने निकाह करवाने से इंकार कर दिया. जानकारी के मुताबिक, काजी ने शादी से इंकार कर दिया क्योंकि पिछले तीन सामूहिक कार्यक्रमों से भुगतान नहीं किया गया था. इस विवाह समारोह में उत्तर प्रदेश के कैबिनेट मिनिस्टर सुरेश कुमार खन्ना भी पहुंचे. पत्रकारों ने जब सवाल जवाब किए, तो उन्होंने ये तहकर पल्ला झांड़ लिया कि वो इस समारोह में सिर्फ मुख्य अतिथि बनकर आए हैं.

दरअसल, सामूहिक विवाह कार्यक्रम में सभी धर्मों की लड़कियों का विवाह करवाया जाता है. इसी कार्यक्रम में मुस्लिम कन्याओं का विवाह करवाने के लिए शहर के काशी वसीम मीनाई को बुलवाया जाता रहा है. आरोप है कि काजी को 500 रुपये प्रति निकाह देने की बात कही गई थी, लेकिन पिछले 3 सामूहिक विवाह कार्यक्रमों में निकाह करवाने के बाद जिला प्रशासन के अधिकारियों और नेताओं ने उन्हें ठेंगा दिखा दिया.

नक्सलियों को खत्म करने के लिए सैनिक सीख रहे स्पेशल भाषा, शिक्षक है ये बच्चे

पिछले 3 सामूहिक विवाहों का लगभग 20,000 हजार का भुगतान न होने पर आज शहर काजी ने सामूहिक विवाह कार्यक्रम में निकाह पढ़वा ने इससे इनकार कर दिया. बताया जा रहा है कि सामूहिक विवाह कार्यक्रम में सभी तैयारियां पूरी कर ली गई थी, लेकिन काजी साहब के मना करते ही शादी के न होने से मुस्लिम कन्याओं का विवाह रुक गया है. काजी का आरोप है कि अधिकारी उनका भुगतान करने के बजाय फोन पर उन्हें धमकी दे रहे हैं.

=>
LIVE TV